📝 1 अंक के प्रश्न कहाँ हैं?
1 अंक के MCQ अलग से अध्यायवार MCQ टेस्ट में दिए गए हैं। इसलिए इस पेज पर 2, 3, 4 और 5 अंक के परीक्षा-केंद्रित प्रश्न दिए गए हैं, जबकि 1 अंक की तैयारी MCQ टेस्ट से की जाएगी।
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🟡 खंड A — 2 अंक के प्रश्न
2 अंक1. अम्ल-क्षार सूचक क्या होता है? एक उदाहरण दीजिए।
उत्तर: वह पदार्थ जो यह पहचानने में सहायता करता है कि कोई पदार्थ अम्लीय, क्षारीय या उदासीन है, रंग या गंध में परिवर्तन दर्शाकर, अम्ल-क्षार सूचक कहलाता है। उदाहरण: लिटमस।
2 अंक2. लिटमस की सहायता से किसी अम्लीय और क्षारीय पदार्थ की पहचान कैसे की जा सकती है?
उत्तर: अम्लीय पदार्थ नीले लिटमस पत्र को लाल कर देते हैं, जबकि क्षारीय पदार्थ लाल लिटमस पत्र को नीला कर देते हैं।
2 अंक3. चीनी का विलयन और नमक का विलयन उदासीन क्यों माने जाते हैं?
उत्तर: चीनी का विलयन और सामान्य नमक का विलयन अम्लीय या क्षारीय गुण नहीं दिखाते। इसलिए इन्हें उदासीन माना जाता है।
2 अंक4. घ्राण सूचक क्या होते हैं? एक उदाहरण दीजिए।
उत्तर: ऐसे पदार्थ जिनकी गंध अम्लीय या क्षारीय माध्यम में बदल जाती है, घ्राण सूचक कहलाते हैं। प्याज इसका एक उदाहरण है।
2 अंक5. जब हल्दी-पत्र को किसी क्षारीय पदार्थ के संपर्क में लाया जाता है, तो क्या होता है?
उत्तर: हल्दी-पत्र का पीला रंग क्षारीय पदार्थ के संपर्क में आने पर लाल हो जाता है।
2 अंक6. उदासीनीकरण अभिक्रिया क्या है? इसका सामान्य रूप लिखिए।
उत्तर: जब किसी अम्ल के विलयन और किसी क्षार के विलयन की अभिक्रिया से लवण और जल बनते हैं, तो इसे उदासीनीकरण अभिक्रिया कहते हैं।
अम्ल + क्षार → लवण + जल + ऊष्मा
2 अंक7. मृदा की प्रकृति हाइड्रेंजिया के पुष्पों के रंग को कैसे प्रभावित करती है?
उत्तर: हाइड्रेंजिया के पुष्पों का रंग मृदा की प्रकृति पर निर्भर कर सकता है। एक ही प्रकार के पौधे में अलग-अलग मृदा में अलग-अलग रंग के पुष्प खिल सकते हैं।
2 अंक8. चींटी के काटने के बाद नम बेकिंग सोडा क्यों लगाया जाता है?
उत्तर: चींटी के काटने पर त्वचा में एक अम्लीय पदार्थ प्रवेश करता है। बेकिंग सोडा क्षारीय होता है और अम्ल के प्रभाव को उदासीन करने में सहायता करता है।
2 अंक9. लाल और नीले लिटमस पत्र की पट्टियाँ किस पदार्थ से बनी होती हैं? इनमें रंग परिवर्तन क्यों होता है?
उत्तर: लिटमस लाइकेन से प्राप्त एक प्राकृतिक पदार्थ है। लिटमस पत्र अम्लीय और क्षारीय पदार्थों के संपर्क में आने पर अलग-अलग रंग दर्शाते हैं। अम्ल नीले लिटमस को लाल और क्षार लाल लिटमस को नीला कर देते हैं।
2 अंक10. अमन एक दृष्टिबाधित विद्यार्थी है। वह किसी विलयन के अम्लीय या क्षारीय होने की पहचान बिना देखे कैसे कर सकता है?
उत्तर: अमन घ्राण सूचक की सहायता ले सकता है। ऐसे पदार्थों की गंध अम्लीय और क्षारीय माध्यम में बदल जाती है। प्याज इसका उदाहरण है। इसलिए वह गंध में परिवर्तन के आधार पर विलयन की प्रकृति की पहचान कर सकता है।
🟢 खंड B — 3 अंक के प्रश्न
3 अंक1. समझाइए कि लिटमस की सहायता से पदार्थों को अम्लीय, क्षारीय और उदासीन के रूप में कैसे वर्गीकृत किया जाता है।
उत्तर:- अम्लीय पदार्थ नीले लिटमस पत्र को लाल कर देते हैं।
- क्षारीय पदार्थ लाल लिटमस पत्र को नीला कर देते हैं।
- उदासीन पदार्थ इन दोनों लिटमस पत्रों के रंग में ऐसा परिवर्तन नहीं करते।
3 अंक2. लाल गुलाब का अर्क कैसे तैयार किया जाता है और इसका उपयोग सूचक के रूप में कैसे किया जाता है?
उत्तर: लाल गुलाब की पंखुड़ियों को पानी से धोकर कुचला जाता है। उन्हें थोड़े गरम पानी में रखकर कुछ समय बाद छान लिया जाता है। प्राप्त लाल गुलाब के अर्क का उपयोग अम्ल-क्षार सूचक के रूप में किया जाता है। यह अम्लीय विलयन को लाल वर्ण और क्षारीय विलयन को हरा वर्ण देता है।
3 अंक3. हल्दी किसी क्षारीय पदार्थ की पहचान कर सकती है, लेकिन केवल हल्दी की सहायता से अम्लीय और उदासीन पदार्थ में अंतर क्यों नहीं किया जा सकता?
उत्तर: हल्दी क्षारीय पदार्थ के संपर्क में आने पर लाल हो जाती है। अम्लीय और उदासीन विलयनों में इसका पीला रंग अपरिवर्तित रहता है। इसलिए हल्दी की सहायता से क्षारीय पदार्थ की पहचान की जा सकती है, लेकिन अम्लीय और उदासीन पदार्थों में भेद नहीं किया जा सकता।
3 अंक4. एक विद्यार्थी के पास नींबू का रस, साबुन का विलयन और चीनी का विलयन है। वह लिटमस की सहायता से इनकी पहचान कैसे करेगा?
उत्तर:- नींबू का रस अम्लीय है और नीले लिटमस पत्र को लाल कर देगा।
- साबुन का विलयन क्षारीय है और लाल लिटमस पत्र को नीला कर देगा।
- चीनी का विलयन उदासीन है और दोनों लिटमस पत्रों के रंग में परिवर्तन नहीं करेगा।
3 अंक5. जब उपयुक्त सूचक वाले नींबू के रस में धीरे-धीरे चूने का पानी मिलाया जाता है, तो क्या होता है? परिवर्तन समझाइए।
उत्तर: नींबू का रस अम्लीय होता है और चूने का पानी क्षारीय होता है। चूने का पानी धीरे-धीरे मिलाने पर अम्ल का प्रभाव कम होता जाता है क्योंकि अम्ल और क्षार की अभिक्रिया होती है। विलयन उदासीन अवस्था के निकट पहुँचने पर सूचक में उपयुक्त रंग परिवर्तन दिखाई देता है।
3 अंक6. मृदा की प्रकृति हाइड्रेंजिया के पुष्पों के रंग को कैसे प्रभावित करती है?
उत्तर: हाइड्रेंजिया के पुष्पों का रंग मृदा की प्रकृति के अनुसार बदल सकता है। एक ही प्रकार के पौधे में अलग-अलग मृदा में अलग-अलग रंग के पुष्प खिल सकते हैं।
3 अंक7. अम्लीय और क्षारीय मृदा का उपचार कैसे किया जा सकता है?
उत्तर:- अम्लीय मृदा की अम्लता कम करने के लिए चूने जैसे उपयुक्त क्षारीय पदार्थ का उपयोग किया जा सकता है।
- क्षारीय मृदा में जैविक खाद या कम्पोस्ट की गई पत्तियाँ जैसे कार्बनिक पदार्थ मिलाए जा सकते हैं।
- इनसे मृदा की प्रकृति को उपयुक्त बनाने में सहायता मिलती है।
3 अंक8. किसी कारखाने से अम्लीय अपशिष्ट झील में छोड़ा जा रहा है। जलीय जीवों की रक्षा के लिए क्या किया जा सकता है?
उत्तर: अम्लीय अपशिष्ट को झील में छोड़ने से पहले उसमें उपयुक्त क्षारीय पदार्थ मिलाकर उसका उदासीनीकरण किया जाना चाहिए। इससे अपशिष्ट की अम्लीयता कम होगी और जलीय जीवों पर उसके हानिकारक प्रभाव को कम करने में सहायता मिलेगी।
3 अंक9. हल्दी के विलयन और साबुन के विलयन की सहायता से कागज पर गुप्त संदेश कैसे लिखा और प्रकट किया जा सकता है?
उत्तर: हल्दी एक सूचक है जो क्षारीय माध्यम में पीले से लाल हो जाती है। साबुन का विलयन क्षारीय होता है, इसलिए इसका उपयोग कागज पर लिखने के लिए किया जा सकता है। उपयुक्त सूचक लगाने पर क्षारीय स्थानों पर रंग परिवर्तन के कारण छिपा हुआ संदेश दिखाई देने लगता है।
3 अंक10. अंगूर के रस को लाल गुलाब के अर्क के साथ मिलाया गया और फिर उसमें बेकिंग सोडा डाला गया। रंग में क्या परिवर्तन होगा? कारण समझाइए।
उत्तर: अंगूर का रस अम्लीय होने के कारण लाल गुलाब के अर्क के साथ मिश्रण लाल दिखाई देगा। बेकिंग सोडा क्षारीय होता है। इसे मिलाने पर मिश्रण की क्षारीयता बढ़ती है और लाल गुलाब का अर्क हरा हो जाता है।
🟠 खंड C — 4 अंक के केस-आधारित प्रश्न
केस 1: एक विद्यार्थी के पास तीन अज्ञात विलयन A, B और C हैं। विलयन A लाल लिटमस को नीला कर देता है। विलयन B हल्दी-पत्र को लाल कर देता है। विलयन C में लाल गुलाब का अर्क क्षारीय पदार्थ के लिए विशिष्ट रंग परिवर्तन दिखाता है।
निम्नलिखित के उत्तर दीजिए:
(क) विलयन A की प्रकृति क्या है? (ख) विलयन B की प्रकृति क्या है? (ग) B में कौन-सा प्राकृतिक सूचक प्रयुक्त हुआ? (घ) C के प्रेक्षण से क्या निष्कर्ष निकलता है?
उत्तर:
(क) A क्षारीय है।
(ख) B क्षारीय है।
(ग) हल्दी।
(घ) C भी क्षारीय है।
केस 2: रिया को चींटी ने काट लिया। काटने के स्थान पर असुविधा हुई। शिक्षक ने प्रभावित स्थान पर नम बेकिंग सोडा लगाने की सलाह दी।
निम्नलिखित के उत्तर दीजिए:
(क) चींटी के काटने से संबंधित पदार्थ की प्रकृति कैसी होती है? (ख) बेकिंग सोडा की प्रकृति क्या है? (ग) अम्ल और क्षार की अभिक्रिया को क्या कहते हैं? (घ) बेकिंग सोडा किस प्रकार सहायता करता है?
उत्तर:
(क) अम्लीय।
(ख) क्षारीय।
(ग) उदासीनीकरण अभिक्रिया।
(घ) यह अम्लीय प्रभाव को उदासीन करने में सहायता करता है।
केस 3: एक किसान के खेत की मृदा बहुत अधिक अम्लीय है। दूसरी ओर, एक कारखाने से अम्लीय अपशिष्ट निकलता है जो पास की जल-राशि में जा सकता है।
निम्नलिखित के उत्तर दीजिए:
(क) अम्लीय मृदा की अम्लता कम करने के लिए क्या मिलाया जा सकता है? (ख) मृदा के उपचार में उदासीनीकरण क्यों उपयोगी है? (ग) कारखाने को अम्लीय अपशिष्ट के साथ क्या करना चाहिए? (घ) यह उपचार क्यों आवश्यक है?
उत्तर:
(क) चूना जैसा उपयुक्त क्षारीय पदार्थ।
(ख) यह मृदा की अधिक अम्लीय प्रकृति को कम करने में सहायता करता है।
(ग) अपशिष्ट को छोड़ने से पहले उपयुक्त क्षारीय पदार्थ से उदासीन करना चाहिए।
(घ) इससे पर्यावरण और जलीय जीवों पर हानिकारक प्रभाव कम करने में सहायता मिलती है।
4 अंक4. कीर्ति संतरे के रस से कागज पर एक गुप्त संदेश लिखती है। छिपे हुए संदेश को कैसे प्रकट किया जा सकता है? किसी उपयुक्त सूचक का नाम देकर प्रेक्षण समझाइए।
उत्तर: छिपे हुए संदेश को लाल गुलाब के अर्क या जामुन के अर्क जैसे अम्ल-क्षार सूचक की सहायता से प्रकट किया जा सकता है। संतरे का रस अम्लीय होता है। सूचक लगाने पर संदेश वाले स्थान पर रंग परिवर्तन के कारण छिपा हुआ संदेश दिखाई देने लगता है।
🔴 खंड D — 5 अंक के प्रश्न
5 अंक1. नींबू के रस और चूने के पानी की सहायता से की गई उदासीनीकरण की क्रियाकलाप को समझाइए। इस क्रियाकलाप से क्या निष्कर्ष निकलता है?
उत्तर: नींबू का रस अम्लीय होता है, जबकि चूने का पानी क्षारीय होता है। नींबू के रस में उपयुक्त सूचक की सहायता से अम्लीय प्रकृति देखी जाती है। चूने का पानी धीरे-धीरे मिलाने पर अम्ल का प्रभाव कम होता जाता है। पर्याप्त मात्रा में चूने का पानी मिलाने पर विलयन उदासीन अवस्था के निकट पहुँचता है और सूचक में संबंधित रंग परिवर्तन दिखाई देता है। इससे स्पष्ट होता है कि अम्ल और क्षार की अभिक्रिया को उदासीनीकरण अभिक्रिया कहते हैं।
अम्ल + क्षार → लवण + जल + ऊष्मा
5 अंक2. विभिन्न सूचक अम्लीय और क्षारीय पदार्थों की पहचान करने में हमारी सहायता कैसे करते हैं? अपने उत्तर में लिटमस, हल्दी, लाल गुलाब के अर्क और घ्राण सूचक को शामिल कीजिए।
उत्तर:- लिटमस: अम्ल नीले लिटमस पत्र को लाल और क्षार लाल लिटमस पत्र को नीला कर देते हैं।
- हल्दी: क्षारीय विलयन में हल्दी का पीला रंग लाल हो जाता है।
- लाल गुलाब का अर्क: यह अम्लीय विलयन को लाल वर्ण और क्षारीय विलयन को हरा वर्ण देता है।
- घ्राण सूचक: ऐसे पदार्थों की गंध अम्लीय या क्षारीय माध्यम में बदल जाती है। प्याज इसका उदाहरण है।
- इस प्रकार विभिन्न सूचक पदार्थों की प्रकृति की पहचान करने में सहायता करते हैं।
5 अंक3. दैनिक जीवन या पर्यावरण में उदासीनीकरण प्रक्रिया के तीन महत्त्वपूर्ण उपयोग समझाइए।
उत्तर:- चींटी का काटना: चींटी के काटने से संबंधित अम्लीय प्रभाव को नम बेकिंग सोडा जैसे क्षारीय पदार्थ की सहायता से उदासीन किया जा सकता है।
- अम्लीय मृदा: अत्यधिक अम्लीय मृदा का उपचार चूने जैसे क्षारीय पदार्थ से किया जा सकता है।
- औद्योगिक अपशिष्ट: अम्लीय औद्योगिक अपशिष्ट को जल-राशि में छोड़ने से पहले क्षारीय पदार्थ मिलाकर उदासीन किया जा सकता है, जिससे पर्यावरण पर उसका हानिकारक प्रभाव कम हो।
5 अंक4. लाल गुलाब का अर्क द्रव X को हरा कर देता है। द्रव X की प्रकृति क्या है? जब इसमें अधिक मात्रा में आँवले का रस मिलाया जाता है, तो क्या होगा? समझाइए।
उत्तर: द्रव X क्षारीय है क्योंकि लाल गुलाब का अर्क क्षारीय विलयन में हरा हो जाता है। आँवले का रस अम्लीय होता है। अधिक मात्रा में आँवले का रस मिलाने पर वह क्षारीय प्रकृति को उदासीन करने लगता है। विलयन अधिक अम्लीय होने पर लाल गुलाब के अर्क का रंग हरे से लाल हो जाएगा।
5 अंक5. रिक्त स्थानों में उपयुक्त शब्द भरिए: (5 × 1 = 5)
- किसी पदार्थ की अम्लीय, क्षारीय या उदासीन प्रकृति की पहचान कराने वाला पदार्थ __________ कहलाता है।
- लाल गुलाब का अर्क क्षारीय विलयन में __________ वर्ण देता है।
- __________ एक घ्राण सूचक का उदाहरण है।
- चींटी के काटने पर अम्लीय पदार्थ के प्रभाव को कम करने के लिए नम __________ लगाया जा सकता है।
- अम्लीय मृदा की अम्लता कम करने के लिए उसमें __________ मिलाया जा सकता है।
उत्तर: (a) अम्ल-क्षार सूचक (b) हरा (c) प्याज (d) बेकिंग सोडा (e) चूना
5 अंक6. स्तंभ A का सही मिलान स्तंभ B के विकल्पों से कीजिए: (5 × 1 = 5)
| स्तंभ A | स्तंभ B |
|---|
| 1. नीला लिटमस पत्र | A. क्षारीय पदार्थ में लाल हो जाता है |
| 2. हल्दी-पत्र | B. अम्लीय औद्योगिक अपशिष्ट के उपचार में उपयोगी |
| 3. लाल गुलाब का अर्क | C. अम्लीय पदार्थ में लाल हो जाता है |
| 4. अम्लीय औद्योगिक अपशिष्ट | D. अम्लीय और क्षारीय माध्यम में रंग परिवर्तन दर्शाता है |
| 5. उदासीनीकरण अभिक्रिया | E. अम्ल और क्षार की अभिक्रिया जिसमें लवण और जल बनते हैं |
उत्तर: 1 → C, 2 → A, 3 → D, 4 → B, 5 → E